2800 क़ैदी रहेंगे घर में ही नज़रबंद

निकारागुआ की तानाशाह सरकार ने फ़ैसला लिया है कि इन क़ैदियों को घरों में ही नज़रबंद रखा जाए ताकि कोरोनावायरस पर नियंत्रण पाया जा सके.

- Khidki Desk



मध्य अमेरिका में स्थित देश निकारागुआ ने कोरोना वायरस को नियंत्रित करने के लिए 2,800 अधिक कैदियों को घरों में ही नजरबंद करने का निर्णय लिया है। हालांकि ख़बरों के अनुसार, इन छोड़े गए कैदियों में कोई भी राजनीतिक बंदी नहीं है। निकारागुआ में यहां की तानाशाही सरकार ने विपक्ष के 86 नेताओं और कुछ अधिकार समूहों को जेल में बंद कर दिया है। यहां 2007 से ही डेनियल ओर्टेगा की तानाशाही सरकार का शासन है। छोड़े गए बहुत से कैदियों को साल 2018 में हुए विरोध-प्रदर्शनों के दौरान गिरफ्तार किया गया था। अधिकार समूहों के अनुसार, इन प्रदर्शनों में 300 लोग मारे गए थे। देश में मानवधिकारों के उल्लंघन के लिए कई अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकार एजेंसियां ऑर्टगो के शासन की आलोचना कर चुकी हैं। इंटर अमेरिकन कमीशन फॉर ह्यूमन राइट्स देश के राजनीतिक बंदियों को तत्काल रिहा करने की मांग कर चुका है। अधिकार समूहों ने हाल में आरोप लगाए हैं कि कई राजनीतिक बंदियों में कोरोना के लक्षण पाए जाने के बावजूद उन्हें कोई मेडिकल सुविधा नहीं दी गई है।