ट्रंप ने पुराने दोस्त रोजर स्टोन की जेल की सजा कम की

सजा 2016 का चुनाव जीतने के लिए ट्रंप के चुनाव अभियान की रूस के साथ मिलीभगत के आरोपों में हो रही संसद की जांच को बाधित करने और साक्ष्यों से छेड़छाड़ करने तथा कांग्रेस से झूठ बोलने के लिए सुनाई गई है।

khidki desk



अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रूस जांच से जुड़े अहम आपराधिक मामले में हस्तक्षेप करते हुए, लंबे समय से अपने राजनीतिक विश्वासपात्र रहे रोजर स्टोन की सजा कम कर दी है। ट्रंप की तरफ से शुक्रवार को यह कदम उस वक्त उठाया गया है जब स्टोन की 40 माह की सजा कुछ ही दिनों में शुरू होने वाली थी।


उन्हें यह सजा 2016 का चुनाव जीतने के लिए ट्रंप के चुनाव अभियान की रूस के साथ मिलीभगत के आरोपों में हो रही संसद की जांच को बाधित करने और साक्ष्यों से छेड़छाड़ करने तथा कांग्रेस से झूठ बोलने के लिए सुनाई गई है।


यह कदम विशेष अभियोजक रॉबर्ट मुलर की जांच को लेकर राष्ट्रपति की नाराजगी को रेखांकित करता ही है। साथ ही राष्ट्रपति और उनके प्रशासन की ओर से उस जांच के विमर्श को फिर से पारिभाषित करने की लगातार कोशिशों का हिस्सा है जिसकी छाया शुरू से ही व्हाइट हाउस पर पड़ी हुई है।


स्टोन को मंगलवार से सजा काटनी शुरू करनी थी। हालांकि सजा कम करने से स्टोन की अपराध सिद्धि उस तरीके से रद्द नहीं होती जैसी माफी में होती है लेकिन सजा की अवधि जरूर कम हो जाएगी।


आलोचक कह रहे हैं कि यह कदम ट्रंप की ओर से राष्ट्र के न्यायिक तंत्र में असाधारण हस्तक्षेप को दर्शाता है। साथ ही उन नियमों और मानकों का उल्लंघन करने की उनकी इच्छा को भी दिखाता है जो दशकों से राष्ट्रपति के आचरण का हिस्सा रहे हैं।